Incognito...the new kid on the block।
वैसे तो मेरा पूरा बचपन राज कॉमिक्स के universe में ही भटकते हुए ही बीता किन्तु बीच बीच में मैं मनोज, तुलसी और डायमंड कॉमिक्स का रसपान भी कर ही लेता था। समय के साथ इसमें से बहुत से पब्लिकेशन विलुप्त हो गए और केवल राज कॉमिक्स ही जीवनसाथी बन के रह गयी। फिर आया कोरोना का भयावह काल। एक डॉक्टर होने के नाते, निरंतर भय और निराशा से लड़ाई लड़नी पड़ी। ऐसे में सुकून की तलाश में मैं फिर एक बार कॉमिक्स की दुनिया मे लौट आया और आते ही मेरा परिचय हुआ कॉमिक्स के एक नए संसार से। इस नए संसार मे बहुत से मित्र मिले और उन्ही में से सबसे युवा मित्र है स्वयंभू कॉमिक्स। स्वयंभू कॉमिक्स भारतीय कॉमिक्स का सबसे नया कॉमिक्स पब्लिकेशन है और किसी भी नए publisher को कॉमिक्स readers के मन मे impact डालने के लिए अपने पहले अंक पर बहुत ध्यान देना होता है। अगर आपका पहला कॉमिक्स ही flop हो जाये तो आपकी कॉमिक्स डैंकिया नामक प्रजाति का भोजन बन जाती है। स्वयंभू कॉमिक्स अपनी पहली कॉमिक्स "Incognito - अंधेरे का भगवान" के साथ वो impact create करती है जिसके कारण casual readers भी आज इनके अगले अंक का इंतज़ार कर ...